
नई दिल्ली: गुजरात में आम आदमी पार्टी को एक और बड़ा राजनीतिक झटका लगा है। राज्यसभा के कई सांसदों के इस्तीफे के बाद अब गुजरात में पार्टी के प्रमुख किसान चेहरे सागर रबारी ने सभी पदों और प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। आम आदमी पार्टी के राज्य उपाध्यक्ष रहे रबारी का यह कदम ऐसे समय पर आया है, जब पार्टी राज्य में अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है।
सूत्रों के अनुसार, रबारी पिछले कुछ समय से पार्टी की आंतरिक कार्यप्रणाली और किसानों से जुड़े मुद्दों पर रुख को लेकर असंतुष्ट थे। उन्होंने अपना इस्तीफा प्रदेश नेतृत्व को सौंप दिया है। किसान आंदोलनों से जुड़े रहने के कारण उनकी पहचान जमीनी नेता के रूप में रही है, जिससे उनके जाने को संगठन के लिए बड़ा नुकसान माना जा रहा है।
रबारी ने पहले खेडुत अधिकार मंच के जरिए किसानों के अधिकारों के लिए कई आंदोलन किए थे और 2021 में पार्टी में शामिल हुए थे। 2022 के विधानसभा चुनाव में भी उन्होंने सक्रिय भूमिका निभाई थी। ग्रामीण क्षेत्रों, खासकर सौराष्ट्र और उत्तर गुजरात में उनका प्रभाव माना जाता है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस इस्तीफे का असर आने वाले स्थानीय निकाय चुनावों पर पड़ सकता है। फिलहाल, यह स्पष्ट नहीं है कि रबारी आगे किस राजनीतिक दिशा में जाएंगे, लेकिन उनके इस कदम ने गुजरात की सियासत में नई हलचल जरूर पैदा कर दी है।