नूंह। हरियाणा के नूंह जिले में आज तड़के पुलिस और एक कथित गो-तस्कर के बीच मुठभेड़ का मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, गोलीबारी के दौरान शाहिद उर्फ ‘आडवाणी’ घायल हो गया था। उसे उपचार के लिए सोहना के सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस का दावा है कि शाहिद गो-तस्करी से जुड़े कई मामलों में वांछित था और पहले पुलिस हिरासत से फरार भी हो चुका था।

सिलानी गांव के पास तड़के हुई मुठभेड़
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, आज सुबह करीब 4 बजे फिरोजपुर झिरका क्राइम स्टाफ की टीम सिलानी गांव के पास शाहिद का पीछा कर रही थी। शाहिद तावडू क्षेत्र के खड़खड़ी गांव निवासी जुम्मे खां का बेटा बताया गया है। पुलिस के अनुसार, पीछा किए जाने के दौरान शाहिद ने टीम पर फायरिंग की। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने जवाबी कार्रवाई की। दोनों ओर से हुई गोलीबारी में शाहिद को गोली लगी और वह घायल हो गया।

अस्पताल में इलाज के दौरान हुई मौत
मुठभेड़ में घायल शाहिद को तत्काल सोहना के सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस के मुताबिक, उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। इसके बाद शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया। घटना की सूचना मिलने पर रोजकामेव थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस अब मुठभेड़ से जुड़े घटनाक्रम और आवश्यक कानूनी औपचारिकताओं को पूरा करने में जुटी है।

गो-तस्करी के कई मामलों में वांछित होने का दावा
पुलिस का कहना है कि शाहिद उर्फ ‘आडवाणी’ के खिलाफ गो-तस्करी से जुड़े कई मामले दर्ज थे। वह पुलिस की वांछित सूची में शामिल था। पुलिस ने यह भी दावा किया है कि वह पहले हिरासत से फरार हो चुका था। हालांकि, दर्ज मामलों की संख्या, उनमें आरोपों की प्रकृति और पूर्व हिरासत से फरार होने की घटना से संबंधित विस्तृत जानकारी आधिकारिक रूप से सामने आने के बाद ही स्पष्ट होगी।

मुठभेड़ के बाद आगे की कार्रवाई
फिलहाल, पुलिस मुठभेड़ के घटनाक्रम और उससे जुड़े कानूनी पहलुओं की जांच कर रही है। गोलीबारी किन परिस्थितियों में हुई और मामले में कौन-कौन से साक्ष्य जुटाए गए हैं, इसकी विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। पुलिस की ओर से उपलब्ध जानकारी के आधार पर शाहिद की मौत की घटना सामने आई है। मामले में जांच और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की विस्तृत तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।