
कांकेर। छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में भाजपा युवा मोर्चा के शहर मंडल अध्यक्ष हर्शल गजबिए का जन्मदिन समारोह विवादों में घिर गया है। आरोप है कि समर्थकों ने आधी रात को कलेक्ट्रेट मार्ग पर बीच सड़क टेबल लगाकर जन्मदिन मनाया और केक काटा, जिससे कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इसे लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर सवाल उठने लगे हैं।
आधी रात को बीच सड़क मनाया गया जन्मदिन
जानकारी के अनुसार, मंगलवार देर रात करीब 12 बजे बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और समर्थक कलेक्ट्रेट मार्ग पर एकत्र हुए। आरोप है कि सड़क के बीचों-बीच टेबल लगाकर जन्मदिन का केक काटा गया और इस दौरान कुछ देर तक वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित रही। वायरल वीडियो में कई लोग सड़क पर मौजूद दिखाई दे रहे हैं, जबकि बीच सड़क पर जन्मदिन का आयोजन होता नजर आ रहा है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद लोगों ने सार्वजनिक सड़क पर इस तरह के आयोजन पर सवाल उठाए हैं। कई लोगों का कहना है कि अगर किसी आम नागरिक द्वारा मुख्य सड़क पर इस तरह कार्यक्रम आयोजित किया जाता, तो पुलिस तत्काल कार्रवाई करती। ऐसे में अब लोग प्रशासन से मामले में समान रूप से कानून लागू करने की मांग कर रहे हैं।
यातायात नियमों के उल्लंघन के आरोप
स्थानीय लोगों का आरोप है कि सार्वजनिक मार्ग पर बिना अनुमति इस तरह का आयोजन न केवल यातायात नियमों का उल्लंघन है, बल्कि इससे सड़क सुरक्षा भी प्रभावित हो सकती है। लोगों का कहना है कि मुख्य मार्गों पर इस प्रकार के आयोजन दुर्घटना का कारण बन सकते हैं और ऐसे मामलों में जिम्मेदार लोगों पर नियमानुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
पुलिस की रात्रि पेट्रोलिंग पर भी उठे सवाल
घटना के बाद कोतवाली थाना क्षेत्र की रात्रि पेट्रोलिंग व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि कलेक्ट्रेट मार्ग शहर का प्रमुख और संवेदनशील इलाका है। ऐसे स्थान पर आधी रात को सड़क पर आयोजन होने के बावजूद पुलिस की नजर क्यों नहीं पड़ी, यह जांच का विषय है।
अब तक नहीं आई आधिकारिक प्रतिक्रिया
फिलहाल, इस मामले में पुलिस या जिला प्रशासन की ओर से किसी कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। यह भी स्पष्ट नहीं हो सका है कि आयोजन के लिए किसी प्रकार की अनुमति ली गई थी या नहीं। वायरल वीडियो के बाद स्थानीय लोगों ने पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। अब यह देखना होगा कि प्रशासन वायरल वीडियो और सामने आए आरोपों के आधार पर क्या कदम उठाता है। वहीं, वीडियो में दिखाई दे रहे दृश्य और लगाए जा रहे आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।