शैंपू के बाद कंडीशनर लगाना बालों की देखभाल का एक आम हिस्सा है। सही तरीके से इस्तेमाल किया जाए तो कंडीशनर बालों को मुलायम बनाने, उलझन कम करने और कंघी करना आसान बनाने में मदद कर सकता है। लेकिन कई बार कंडीशनर का गलत इस्तेमाल बालों को सॉफ्ट और बाउंसी बनाने के बजाय चिपचिपा या भारी दिखा सकता है।

कई लोग कंडीशनर को ज्यादा मात्रा में लगाने से लेकर इसे स्कैल्प तक लगाने जैसी गलतियां कर बैठते हैं। अगर आपके बाल जल्दी ऑयली हो जाते हैं या कंडीशनर के बाद भी बाल भारी और चिपचिपे महसूस होते हैं, तो अपनी हेयर केयर रूटीन की इन गलतियों पर जरूर ध्यान दें।

1. स्कैल्प और जड़ों पर कंडीशनर लगाना
कंडीशनर का इस्तेमाल आमतौर पर बालों की लंबाई और सिरों पर करना बेहतर होता है। इसे सीधे स्कैल्प पर लगाने की जरूरत नहीं होती, खासकर अगर आपकी स्कैल्प पहले से ऑयली रहती है। स्कैल्प पर ज्यादा कंडीशनर लगाने और उसे ठीक से न धोने से बालों में प्रोडक्ट बिल्डअप हो सकता है, जिससे बाल जल्दी चिपचिपे या भारी नजर आ सकते हैं। इसलिए कंडीशनर को बालों की मिड-लेंथ से लेकर सिरों तक लगाना ज्यादा सुविधाजनक रहता है।

2. जरूरत से ज्यादा प्रोडक्ट इस्तेमाल करना
यह जरूरी नहीं कि ज्यादा कंडीशनर लगाने से बाल ज्यादा मुलायम हो जाएंगे। जरूरत से ज्यादा प्रोडक्ट बालों पर जमा रह सकता है और उन्हें फ्लैट या ग्रीसी लुक दे सकता है। कंडीशनर की मात्रा आपके बालों की लंबाई, मोटाई और टेक्सचर पर निर्भर करती है। शुरुआत में कम मात्रा लें और उसे बालों की लंबाई पर समान रूप से फैलाएं। अगर कवरेज पर्याप्त है, तो अतिरिक्त कंडीशनर लगाने की जरूरत नहीं है।

3. कंडीशनर लगाकर बालों को जोर से रगड़ना
कंडीशनर लगाने के दौरान बालों को तेजी से रगड़ना या खींचना सही तरीका नहीं है। खासकर गीले बालों को संभालते समय ज्यादा खिंचाव से हेयर स्ट्रैंड्स को नुकसान पहुंच सकता है। कंडीशनर को हाथों से धीरे-धीरे बालों की लंबाई पर फैलाएं। अगर बाल ज्यादा उलझे हुए हैं, तो चौड़े दांत वाली कंघी से हल्के हाथों से सुलझाया जा सकता है।

4. कंडीशनर को ठीक से रिंस न करना
कंडीशनर लगाने के बाद उसे अच्छी तरह पानी से धोना भी उतना ही जरूरी है। अगर बालों में जरूरत से ज्यादा प्रोडक्ट रह जाता है, तो वे भारी, चिपचिपे या ऑयली महसूस हो सकते हैं। कितनी देर तक कंडीशनर बालों में रखना है, इसके लिए प्रोडक्ट पैक पर दिए निर्देशों को जरूर पढ़ें। हर कंडीशनर का फॉर्मूला और इस्तेमाल का तरीका एक जैसा नहीं होता।

5. अपने बालों के हिसाब से कंडीशनर न चुनना
हर तरह के बालों के लिए एक ही कंडीशनर सही नहीं हो सकता। पतले और फाइन बालों पर बहुत हैवी फॉर्मूला बालों को चपटा या भारी बना सकता है। वहीं बहुत रूखे, मोटे या कर्ली बालों को ज्यादा मॉइस्चराइजिंग कंडीशनर की जरूरत पड़ सकती है। इसलिए कंडीशनर खरीदते समय अपने बालों की जरूरत, टेक्सचर और स्कैल्प की स्थिति को ध्यान में रखना चाहिए।

बालों को हेल्दी रखने के लिए क्या रखें ध्यान?
कंडीशनर के सही इस्तेमाल के साथ बालों को बहुत ज्यादा गर्म पानी से धोने, गीले बालों को जोर से रगड़ने और बार-बार हीट स्टाइलिंग करने से भी बचना बेहतर है। अगर बाल लगातार बहुत ज्यादा टूट रहे हैं, अचानक झड़ने लगे हैं या स्कैल्प में खुजली, लालिमा या दूसरे लक्षण हैं, तो डर्मेटोलॉजिस्ट से सलाह लेना बेहतर रहेगा।

ध्यान रखें: कंडीशनर का गलत इस्तेमाल बालों को भारी या चिपचिपा बना सकता है, लेकिन बाल टूटने या झड़ने के पीछे कई अन्य कारण भी हो सकते हैं। इसलिए लगातार समस्या होने पर सिर्फ हेयर प्रोडक्ट बदलने के बजाय विशेषज्ञ की सलाह लेना उचित है।