बेंगलुरु। सोशल मीडिया पर शुरू होने वाले रिश्तों से जुड़े अपराधों की बढ़ती घटनाओं के बीच कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां इंस्टाग्राम के जरिए दोस्ती करने वाले एक युवक पर अपनी लिव-इन पार्टनर की हत्या करने का आरोप लगा है। घटना ने एक बार फिर रिश्तों में बढ़ती हिंसा, महिलाओं की सुरक्षा और लिव-इन संबंधों में कानूनी एवं सामाजिक संरक्षण को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस के अनुसार, 20 वर्षीय युवती अनुषा की कथित तौर पर उसके 27 वर्षीय लिव-इन पार्टनर शरथ ने गला घोंटकर हत्या कर दी। दोनों पिछले कुछ महीनों से बेंगलुरु के मल्लेश्वरम इलाके में साथ रह रहे थे।

इंस्टाग्राम पर मुलाकात, साथ रहने का फैसला और फिर दर्दनाक अंत
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों की पहचान सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए हुई थी। बातचीत बढ़ने के बाद दोनों के बीच संबंध बने और वे लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगे। लेकिन जिस रिश्ते की शुरुआत भरोसे और साथ रहने के वादे से हुई थी, उसका अंत कथित तौर पर हत्या जैसे गंभीर अपराध में हुआ। यह घटना सोशल मीडिया पर बनने वाले रिश्तों की वास्तविकता और उनमें मौजूद संभावित जोखिमों को लेकर भी चर्चा का विषय बन गई है।

मामूली विवाद या गुस्से में लिया गया खौफनाक फैसला?
पुलिस के मुताबिक, निजी मुद्दों को लेकर दोनों के बीच बहस हुई थी। आरोप है कि विवाद इतना बढ़ गया कि युवक ने युवती का गला घोंट दिया। हालांकि जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि विवाद की असली वजह क्या थी और क्या इसके पीछे कोई अन्य कारण भी था ? लेकिन प्रारंभिक जानकारी ने यह सवाल जरूर खड़ा कर दिया है कि रिश्तों में बढ़ता आक्रोश और हिंसक व्यवहार आखिर किस दिशा में समाज को ले जा रहा है।

अपराध के बाद कई घंटों तक छिपी रही घटना
घटना का खुलासा तुरंत नहीं हुआ। पुलिस के अनुसार, मामला तब सामने आया जब आरोपी ने कथित तौर पर अपने वकील को घटना की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस को सूचना मिली और टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है। वहीं कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद युवती का शव उसके परिजनों को सौंप दिया गया है। जांच एजेंसियां मामले के सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही हैं। पुलिस यह भी जानने का प्रयास कर रही है कि घटना से पहले दोनों के बीच किस प्रकार के विवाद चल रहे थे और हत्या के पीछे वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं ?