बिलासपुर : बेलतरा विधानसभा क्षेत्र में जमीन सीमांकन को लेकर शुरू हुआ विवाद अब सियासत तक पहुंच गया है। कांग्रेस नेता और सेलर के सरपंच धनंजय सिंह ठाकुर की जमीन के सीमांकन को लेकर कांग्रेस ने प्रशासन और भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। कलेक्ट्रेट का घेराव करने निकले कांग्रेसियों को रोकने के लिए पुलिस ने तीन स्तर की बैरिकेडिंग की थी, लेकिन प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग तोड़ दी। भीड़ को आगे बढ़ने से रोकने के लिए पुलिस को वाटर कैनन का इस्तेमाल करना पड़ा। दूसरी ओर भाजपा ने कांग्रेस पर सरकारी जमीन पर कथित कब्जे को बचाने के लिए मामले को राजनीतिक रंग देने का आरोप लगाया है।

तीन साल से प्रताड़ना, विधायक पर दबाव बनाने का आरोप

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बेलतरा ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष धनंजय सिंह ठाकुर ने आरोप लगाया कि वे पिछले तीन साल से प्रताड़ना झेल रहे हैं और उनके खिलाफ तीन एफआईआर भी दर्ज हुई हैं। उन्होंने कहा कि उनके भाई के ईंट भट्ठे से जुड़े मामले में भी तहसीलदार सीमांकन कराने पहुंच गई। ठाकुर का दावा है कि तहसीलदार ने विधायक सुशांत शुक्ला के दबाव में कार्रवाई होने की बात कही थी। उनके मुताबिक, बिना पूर्व नोटिस के सीमांकन किया गया और बाद में नोटिस जारी किया गया। अब सहने की क्षमता खत्म हो चुकी है। इसी वजह से विधायक के खिलाफ विरोध दर्ज कराया जा रहा है।

बारिश के बीच खेत का सीमांकन, यहीं से बढ़ा विवाद

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विवाद की शुरुआत 16 सितंबर को हुई थी। ग्राम सेलर के सरपंच और ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष धनंजय सिंह ठाकुर ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर आरोप लगाया था कि तहसीलदार के मौखिक आदेश पर पटवारी उनकी जमीन का सीमांकन करने पहुंचे, जबकि खेत में धान की फसल खड़ी थी। धनंजय सिंह ठाकुर ने आरोप लगाया कि बेलतरा विधायक के दबाव में प्रशासनिक कार्रवाई की गई थी। इसके बाद विधायक सुशांत शुक्ला ने धनंजय सिंह ठाकुर को मानहानि का कानूनी नोटिस भेजा। इसी के विरोध में कांग्रेस ने पूर्व जिलाध्यक्ष विजय केशरवानी के नेतृत्व में 13 अक्टूबर को कलेक्ट्रेट घेराव का ऐलान किया था। जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष प्रमोद नायक ने कहा कि नियम-कानून के तहत कार्रवाई होने पर कांग्रेस को आपत्ति नहीं है, लेकिन राजनीतिक दबाव में कार्रवाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

भाजपा का पलटवार, कब्जे को बचाने के लिए आंदोलन

कांग्रेस के प्रदर्शन के बीच भाजपा जिला ग्रामीण अध्यक्ष मोहित जायसवाल और जिला महामंत्री जनक देवांगन ने बयान जारी कर पलटवार किया। भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि धनंजय सिंह ठाकुर स्वयं जनप्रतिनिधि होने के बावजूद सरकारी जमीन पर कब्जे के मामले से जुड़े हैं और प्रशासन की नापजोख शुरू होने पर राजनीतिक विरोध कर रहे हैं। मोहित जायसवाल ने कहा कि कांग्रेस प्रशासनिक विवाद को राजनीतिक हथियार बनाकर विधायक सुशांत शुक्ला की छवि खराब करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता अपनी खोई राजनीतिक जमीन तलाशने के लिए विधायक का नाम उछाल रहे हैं। वहीं जनक देवांगन ने कहा कि सरकारी जमीन पर कथित अवैध कब्जे को संरक्षण नहीं मिलेगा और किसी भी मामले में फैसला राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बजाय तथ्यों और दस्तावेजों के आधार पर होना चाहिए।

विधायक ध्वजा यात्रा पर हैं, तो संगठन ने संभाला मोर्चा

विवाद के बीच विधायक सुशांत शुक्ला 11 से 17 अक्टूबर तक ध्वजा यात्रा पर हैं। इस दौरान वे 48 ग्राम पंचायतों में पैदल यात्रा कर रहे हैं और रात गांवों में ही बिता रहे हैं। विधायक की गैरमौजूदगी में कांग्रेस के आंदोलन से पहले भाजपा संगठन उनके बचाव में उतर आया। जमीन सीमांकन से शुरू हुआ मामला कांग्रेस और भाजपा के बीच सीधे राजनीतिक टकराव का रूप ले लिया है।