
दुर्ग। छत्तीसगढ़ में रसोई गैस की कमी के बीच अब एक बार फिर केरोसिन (मिट्टी तेल) की वापसी की तैयारी शुरू हो गई है। केंद्र के निर्देश के बाद राज्य शासन ने सभी जिलों को राशन दुकानों के माध्यम से केरोसिन सप्लाई सुनिश्चित करने के आदेश दिए हैं। दुर्ग जिले में इस योजना को लागू करने के लिए तैयारी तेज हो गई है, जिससे आम लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
प्रशासन के मुताबिक, शुरुआत शहरी राशन दुकानों से की जाएगी, जहां प्रत्येक राशन कार्डधारी को अधिकतम 2 लीटर केरोसिन दिया जाएगा। इसके लिए दुकानदारों से डिमांड मांगी जा रही है और स्टॉक बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। केरोसिन की कीमत करीब 63.50 प्रति लीटर तय की गई है। साथ ही पारदर्शिता बनाए रखने के लिए स्टॉक रजिस्टर और वितरण की पूरी एंट्री अनिवार्य की गई है।
अधिकारियों का कहना है कि उज्ज्वला योजना के बाद केरोसिन की मांग में कमी आई थी, लेकिन मौजूदा गैस संकट को देखते हुए इसकी जरूरत फिर बढ़ गई है। जल्द ही राशन दुकानदारों की बैठक कर सप्लाई प्रक्रिया को अंतिम रूप दिया जाएगा। प्रशासन ने साफ किया है कि गाइडलाइन के अनुसार ही वितरण होगा और डिमांड के आधार पर ही सप्लाई सुनिश्चित की जाएगी।




