
रायपुर। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर छत्तीसगढ़ में 4 सितंबर को शराब और मांस की बिक्री पर रोक रहेगी। राज्य सरकार ने शुक्रवार को शुष्क दिवस घोषित किया है। इसके साथ ही नगरीय निकायों के अंतर्गत आने वाले पशुवध गृह और मांस-मटन की बिक्री करने वाली दुकानों को भी बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। यानी जन्माष्टमी के दिन प्रदेश के शहरी इलाकों में ‘नो नॉन-वेज डे’ लागू रहेगा।
शराब की बिक्री और परोसने पर पूरी तरह रोक
आबकारी विभाग के आदेश के मुताबिक 4 सितंबर को प्रदेश की सभी देशी और विदेशी मदिरा की फुटकर दुकानें बंद रहेंगी। इसके अलावा होटल, रेस्टोरेंट और क्लब के बार, अहाते तथा शराब बेचने या परोसने वाले अन्य लाइसेंसी प्रतिष्ठान भी संचालन नहीं कर सकेंगे। शुष्क दिवस के दौरान भांग और भांगघोटा की फुटकर दुकानों को भी बंद रखने के निर्देश हैं। होटल, रेस्टोरेंट, क्लब या किसी अन्य स्थान पर शराब बेचने और परोसने की अनुमति नहीं होगी।
घर में शराब रखने पर भी नियम लागू
सरकार ने सिर्फ दुकानों को बंद रखने तक ही प्रतिबंध सीमित नहीं रखा है। आदेश के अनुसार शुष्क दिवस की अवधि में मदिरा के व्यक्तिगत भंडारण और गैर-लाइसेंसी स्थानों पर शराब जमा करने पर भी रोक रहेगी। नियमों का उल्लंघन मिलने पर शराब जब्त करने के साथ संबंधित व्यक्ति या प्रतिष्ठान के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
अवैध शराब पर रहेगी कड़ी नजर
जन्माष्टमी के दौरान अवैध शराब की बिक्री और परिवहन रोकने के लिए आबकारी विभाग को विशेष निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। जिला स्तर के साथ संभागीय और राज्य स्तरीय उड़नदस्ते भी सक्रिय रहेंगे। संदिग्ध वाहनों और अवैध शराब के संभावित ठिकानों की जांच की जाएगी। उल्लंघन मिलने पर संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
मांस की दुकानें भी रहेंगी बंद
जन्माष्टमी को लेकर नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने भी अलग निर्देश जारी किए हैं। प्रदेश के नगरीय निकायों की सीमा में आने वाले पशुवध गृह और मांस बिक्री की सभी दुकानें 4 सितंबर को बंद रखने को कहा गया है। इसके लिए कलेक्टरों, नगर निगम आयुक्तों और नगर पालिका परिषद व नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को आदेश के पालन की जिम्मेदारी दी गई है।
जन्माष्टमी पर क्या-क्या रहेगा बंद?
- शराब की फुटकर दुकानें
- होटल, रेस्टोरेंट और क्लब बार
- शराब परोसने वाले लाइसेंसी प्रतिष्ठान
- भांग और भांगघोटा की दुकानें
- नगरीय क्षेत्र के पशुवध गृह
- मांस बिक्री की दुकानें
इस तरह 4 सितंबर को जन्माष्टमी के अवसर पर छत्तीसगढ़ में धार्मिक आयोजन के साथ सरकारी स्तर पर शराब और मांस बिक्री पर भी प्रतिबंध लागू रहेगा।