बिलासपुर : स्कूल शिक्षा विभाग ने शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए अवकाश लेने की प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल कर दिया है। अब छुट्टी चाहिए तो विभागीय एचआरएमआईएस पोर्टल का दरवाजा खटखटाना होगा। ऑफलाइन आवेदन देने की पुरानी व्यवस्था पर रोक लगा दी गई है। डीपीआई ने स्पष्ट कर दिया है कि अवकाश आवेदन से लेकर उसकी मंजूरी तक की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन ही पूरी करनी होगी। ऑफलाइन मिले आवेदनों पर किसी भी तरह की कार्रवाई नहीं की जाएगी।

डीपीआई का फरमान, निर्देशों का करना होगा पालन

डीपीआई ने प्रदेश के सभी डीईओ को पत्र जारी कर इस व्यवस्था का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। पत्र में कहा गया है कि विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों और शिक्षकों को पहले ही एचआरएमआईएस पोर्टल के माध्यम से अवकाश आवेदन करने और उनकी स्वीकृति की प्रक्रिया ऑनलाइन पूरी करने के निर्देश दिए जा चुके हैं। इसके बावजूद कई जगह ऑफलाइन आवेदन प्रस्तुत किए जाने और उन पर कार्रवाई किए जाने की स्थिति सामने आ रही है। डीपीआई ने इस पर स्पष्ट निर्देश जारी करते हुए कहा है कि अब विभाग के समस्त अधिकारियों, कर्मचारियों और शिक्षकों के अवकाश आवेदन केवल एचआरएमआईएस पोर्टल के जरिए ही स्वीकार किए जाएंगे। अवकाश की मंजूरी से जुड़ी पूरी कार्रवाई भी ऑनलाइन करनी होगी। ऑफलाइन माध्यम से प्राप्त आवेदनों पर कार्रवाई पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी।

पहले हाजिरी ऑनलाइन, अब छुट्टी का हिसाब भी डिजिटल

स्कूल शिक्षा विभाग में ऑनलाइन व्यवस्था का दायरा लगातार बढ़ रहा है। इससे पहले शिक्षकों और कर्मचारियों की उपस्थिति दर्ज करने के लिए वीएसके एप के माध्यम से ऑनलाइन अटेंडेंस की व्यवस्था लागू की गई है। इसके तहत प्रतिदिन ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने की बाध्यता रखी गई है। विभागीय व्यवस्था में उपस्थिति के डिजिटल रिकॉर्ड का उपयोग वेतन प्रक्रिया के लिए भी किया जा रहा है। अब अवकाश आवेदन को भी इसी डिजिटल व्यवस्था से जोड़ दिया गया है। यानी शिक्षक या कर्मचारी को छुट्टी पर जाने से पहले निर्धारित पोर्टल पर आवेदन करना होगा और उसकी स्वीकृति की प्रक्रिया भी ऑनलाइन ही पूरी होगी।

शिक्षकों-कर्मचारियों के लिए क्या बदलेगा?

नई व्यवस्था के बाद अवकाश के लिए कागज पर आवेदन देकर पुरानी प्रक्रिया के तहत मंजूरी लेने का विकल्प नहीं रहेगा। संबंधित कर्मचारी को एचआरएमआईएस पोर्टल पर आवेदन करना होगा। वहीं, अधिकारियों को भी आवेदन और स्वीकृति की कार्रवाई पोर्टल के माध्यम से ही पूरी करनी होगी। विभाग के इस फैसले से अवकाश संबंधी रिकॉर्ड ऑनलाइन उपलब्ध रहने और प्रक्रिया में एकरूपता आने की उम्मीद है। हालांकि, शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए अब पोर्टल पर आवेदन करना और उसकी स्थिति पर नजर रखना जरूरी होगा। स्पष्ट है कि स्कूल शिक्षा विभाग में अब हाजिरी से लेकर छुट्टी की मंजूरी तक, हर कदम पर डिजिटल रिकॉर्ड की भूमिका बढ़ गई है।