वजन बढ़ने पर ज्यादातर लोग सबसे पहले अपनी डाइट पर ध्यान देते हैं। बाहर का खाना कम करना, मीठा छोड़ना और कैलोरी घटाना निश्चित रूप से मददगार हो सकता है, लेकिन हर बार बढ़ते वजन की वजह सिर्फ खानपान नहीं होती। कई बार नींद की कमी, तनाव, कुछ स्वास्थ्य संबंधी स्थितियां, दवाएं और जरूरत से ज्यादा कैलोरी लेना भी वजन बढ़ने में भूमिका निभा सकते हैं। अगर आपकी डाइट ठीक होने के बावजूद वजन लगातार बढ़ रहा है, तो इसके पीछे की वजह समझना जरूरी है।

1. नींद पूरी न होना
रात में देर तक जागना और लगातार कम नींद लेना वजन बढ़ने से जुड़ा हो सकता है। नींद की कमी शरीर में भूख और पेट भरा होने का संकेत देने वाले हार्मोन के संतुलन को प्रभावित कर सकती है। इसके कारण कुछ लोगों को ज्यादा भूख लग सकती है और हाई-कैलोरी खाने की इच्छा बढ़ सकती है। कम नींद से दिनभर थकान भी रहती है, जिसकी वजह से शारीरिक गतिविधि कम हो सकती है। इसलिए रोजाना पर्याप्त और अच्छी क्वालिटी की नींद लेना वजन मैनेजमेंट के साथ-साथ ओवरऑल हेल्थ के लिए भी जरूरी है।

2. हार्मोनल बदलाव भी हो सकते हैं वजह
कुछ हार्मोनल और मेटाबॉलिक स्थितियों में वजन बढ़ना एक लक्षण हो सकता है। उदाहरण के लिए हाइपोथायरायडिज्म और PCOS में कुछ लोगों को वजन बढ़ने या वजन कम करने में परेशानी हो सकती है। अगर बिना किसी स्पष्ट बदलाव के लगातार वजन बढ़ रहा है और इसके साथ थकान, मासिक धर्म में अनियमितता या दूसरे लक्षण भी हैं, तो खुद से डाइटिंग करने के बजाय डॉक्टर से जांच कराना बेहतर है।

3. कुछ दवाओं से भी बढ़ सकता है वजन
कुछ दवाओं के साइड इफेक्ट के तौर पर वजन बढ़ सकता है। यह हर व्यक्ति में नहीं होता और इसका असर दवा तथा व्यक्ति की स्थिति पर निर्भर करता है।अगर किसी दवा को शुरू करने के बाद वजन तेजी से बढ़ रहा है, तो दवा खुद से बंद न करें। डॉक्टर से बात करें। जरूरत पड़ने पर डॉक्टर दवा की खुराक या वैकल्पिक उपचार के बारे में सलाह दे सकते हैं।

4. लगातार तनाव भी डाल सकता है असर
लंबे समय तक रहने वाला तनाव भी वजन मैनेजमेंट को मुश्किल बना सकता है। तनाव के दौरान शरीर में कोर्टिसोल जैसे हार्मोन का स्तर बदलता है। इसके अलावा तनाव में कुछ लोग ज्यादा खाना शुरू कर देते हैं, खासकर मीठी या ज्यादा कैलोरी वाली चीजें। दूसरी ओर, तनाव के कारण नींद खराब हो सकती है और शारीरिक गतिविधि भी कम हो सकती है। ये सभी चीजें मिलकर वजन बढ़ने में योगदान दे सकती हैं। तनाव कम करने के लिए नियमित वॉक, एक्सरसाइज, योग, मेडिटेशन और पर्याप्त नींद जैसी आदतें मददगार हो सकती हैं।

5. हेल्दी खाना भी जरूरत से ज्यादा हो सकता है
कई बार व्यक्ति सोचता है कि वह जंक फूड नहीं खा रहा, इसलिए वजन नहीं बढ़ना चाहिए। लेकिन वजन पर सिर्फ खाने की क्वालिटी नहीं, कुल कैलोरी की मात्रा भी असर डालती है। नट्स, ड्राई फ्रूट्स, पनीर, तेल, घी और हेल्दी स्नैक्स पौष्टिक हो सकते हैं, लेकिन इनकी मात्रा ज्यादा होने पर कुल कैलोरी जरूरत से अधिक हो सकती है। इसलिए वजन कम करने के लिए सिर्फ किसी एक फूड को बंद करने के बजाय अपनी कुल डाइट, पोर्शन साइज और रोज की शारीरिक गतिविधि पर ध्यान देना ज्यादा जरूरी है।

वजन कंट्रोल करने के लिए क्या करें?
वजन मैनेज करने के लिए एक संतुलित तरीका अपनाएं

  • रोज पर्याप्त नींद लें।
  • अपनी क्षमता के अनुसार नियमित एक्सरसाइज या वॉक करें।
  • खाने की मात्रा और पोर्शन पर ध्यान दें।
  • प्रोटीन, फाइबर, फल और सब्जियों को डाइट में शामिल करें।
  • लंबे समय तक तनाव रहने पर उसे मैनेज करने के तरीके अपनाएं।
  • बिना डॉक्टर की सलाह के वजन बढ़ाने वाली किसी दवा को बंद न करें।
  • बिना वजह लगातार वजन बढ़ रहा हो तो डॉक्टर से जांच कराएं।

जरूरी बात: वजन बढ़ना हमेशा सिर्फ इच्छाशक्ति या खानपान की गलती नहीं होता। अगर वजन अचानक या लगातार बढ़ रहा है, तो इसके पीछे किसी दवा, हार्मोनल समस्या या अन्य स्वास्थ्य कारण की भी भूमिका हो सकती है।