
जांजगीर-चांपा: जिले के पुलिस अधीक्षक कार्यालय परिसर में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक युवक ने कथित रूप से जहर का सेवन कर आत्महत्या का प्रयास किया। युवक लंबे समय से अपनी शिकायत पर कार्रवाई न होने से परेशान बताया जा रहा है। घटना के तुरंत बाद पुलिस अधिकारियों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।
प्राथमिक जानकारी के अनुसार, युवक ने अपने मकान मालिक पर आर्थिक शोषण, दस्तावेजों के दुरुपयोग और धमकी देने जैसे गंभीर आरोप लगाए थे। उसने पहले भी पुलिस से लिखित शिकायत की थी, लेकिन कथित तौर पर उचित कार्रवाई नहीं होने के कारण वह मानसिक दबाव में आ गया। बताया जा रहा है कि युवक ने आरोप लगाया था कि उससे जबरन दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए गए और उसे अवैध गतिविधियों में फंसाने की कोशिश की जा रही थी।
घटना के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि युवक के आरोपों की पूरी पड़ताल की जाएगी और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। यह घटना प्रशासनिक प्रक्रिया और शिकायत निवारण तंत्र पर भी सवाल खड़े कर रही है, जिस पर अब जवाबदेही तय होना तय माना जा रहा है।

