बलौदा बाजार। बलौदा बाजार के पंडित चक्रपाणी शासकीय आत्मानंद स्कूल में शिक्षक के कथित व्यवहार को लेकर गुरुवार को जमकर हंगामा हुआ। विद्यार्थियों ने एक शिक्षक पर नशे की हालत में स्कूल पहुंचने, छात्राओं से कथित तौर पर गाली-गलौज करने और विरोध करने पर मारपीट करने के आरोप लगाए हैं। मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग और प्रशासन हरकत में आया है।

कलेक्टर के निर्देश पर शिक्षा विभाग के अधिकारियों की टीम स्कूल पहुंची और विद्यार्थियों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। इसी बीच स्कूल की प्राचार्य को पद से हटाने के निर्देश दिए जाने की जानकारी भी सामने आई है। हालांकि, शिक्षक पर लगे आरोपों और घटना की पूरी परिस्थितियों की आधिकारिक जांच अभी जारी है।

नशे की हालत में स्कूल पहुंचने का आरोप
विद्यार्थियों की शिकायत के मुताबिक, शिक्षक नरेश तिवारी पर पहले भी नशे की हालत में स्कूल आने के आरोप लगते रहे हैं। गुरुवार को भी उनके स्कूल पहुंचने के बाद स्थिति बिगड़ने की बात सामने आई। छात्राओं का आरोप है कि शिक्षक ने उनके साथ कथित तौर पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया। जब छात्राओं ने इसका विरोध किया तो विवाद बढ़ गया और मारपीट की शिकायत सामने आई। घटना के बाद स्कूल परिसर में विद्यार्थियों के बीच नाराजगी का माहौल बन गया।स्कूल में प्राचार्य को हटाए गए

शिकायत लेकर प्राचार्य के पास पहुंचे विद्यार्थी
घटना के बाद छात्राओं और अन्य विद्यार्थियों ने स्कूल की प्राचार्य वंदनी श्रीवास्तव के समक्ष शिकायत रखी। विद्यार्थियों का आरोप है कि शिकायत के बावजूद तत्काल अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। इसी दौरान मामला स्कूल परिसर से बाहर भी चर्चा में आने लगा। विद्यार्थियों की शिकायत और शिक्षक पर लगाए गए आरोपों की जानकारी लेने के लिए मीडियाकर्मी स्कूल पहुंचे।

मीडिया से व्यवहार को लेकर भी विवाद
मामले की जानकारी लेने पहुंचे मीडियाकर्मियों और स्कूल प्रबंधन के बीच भी विवाद होने की बात सामने आई है। आरोप है कि प्राचार्य ने मीडियाकर्मियों से बदसलूकी की और उन्हें स्कूल परिसर से बाहर जाने के लिए कहा। प्राचार्य की ओर से स्कूल परिसर में मीडिया के प्रवेश पर रोक होने की बात कही गई। हालांकि, मौके पर इस रोक से संबंधित कोई लिखित आदेश या सक्षम अधिकारी का निर्देश उपलब्ध कराए जाने की जानकारी सामने नहीं आई। इस घटनाक्रम ने मूल शिकायत के साथ-साथ स्कूल प्रबंधन के रवैये को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए।

मामला बढ़ा तो प्रशासन ने शुरू की जांच
घटना की जानकारी प्रशासन तक पहुंचने के बाद कलेक्टर के निर्देश पर अधिकारियों की टीम स्कूल पहुंची। प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी, विकासखंड शिक्षा अधिकारी और तहसीलदार ने मौके पर पहुंचकर विद्यार्थियों और स्कूल प्रबंधन से जानकारी ली। अधिकारियों की जांच में शिक्षक पर लगाए गए आरोपों के  साथ-साथ छात्राओं के साथ कथित मारपीट, शिकायत पर स्कूल प्रबंधन की प्रतिक्रिया और पूरे घटनाक्रम की परिस्थितियों को शामिल किया जा रहा है। अब जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की प्रशासनिक कार्रवाई तय होने की बात कही जा रही है।

शिक्षक का कराया गया मेडिकल परीक्षण
मामले के बीच आरोपी शिक्षक को देर शाम पुलिस द्वारा मेडिकल परीक्षण के लिए ले जाए जाने की जानकारी सामने आई है। मेडिकल जांच और अन्य साक्ष्यों से यह स्पष्ट करने की कोशिश की जाएगी कि शिक्षक की स्थिति क्या थी और लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। पुलिस और शिक्षा विभाग की जांच के बाद ही घटना से जुड़े सभी तथ्यों की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी।

प्राचार्य को हटाने के निर्देश
मामले में एक और महत्वपूर्ण कार्रवाई सामने आई है। सहायक शिक्षा संचालक की ओर से प्राचार्य वंदनी श्रीवास्तव को हटाने के संबंध में लिखित निर्देश दिए जाने की जानकारी है। हालांकि, यह कार्रवाई शिक्षक पर लगे आरोपों की अंतिम पुष्टि से अलग प्रशासनिक कदम है। शिक्षक के खिलाफ लगाए गए आरोपों और स्कूल प्रबंधन की भूमिका को लेकर जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई स्पष्ट होगी।

जांच रिपोर्ट पर टिकी आगे की कार्रवाई
आत्मानंद स्कूल में सामने आए इस पूरे विवाद में अब प्रशासनिक जांच महत्वपूर्ण होगी। विद्यार्थियों के बयान, स्कूल प्रबंधन का पक्ष, शिक्षक की मेडिकल रिपोर्ट और उपलब्ध अन्य साक्ष्यों के आधार पर घटना की वास्तविक स्थिति सामने आने की उम्मीद है। फिलहाल, शिक्षा विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि शिक्षक पर लगाए गए आरोपों पर क्या कार्रवाई होती है और स्कूल प्रबंधन की भूमिका को लेकर विभाग क्या निर्णय लेता है।