बीजापुर। नक्सल प्रभावित बीजापुर में सुरक्षा बलों को बड़ी कामयाबी मिली है। नक्सल विरोधी अभियान के तहत CRPF की 199वीं वाहिनी के जवानों ने जंगलों में सघन सर्च ऑपरेशन चलाकर नक्सलियों के 14 छिपे हुए डंप का पता लगाया। इन डंप से हथियार, IED, डेटोनेटर और विस्फोटक तैयार करने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री समेत बड़ी संख्या में सामान बरामद किया गया है। कार्रवाई के बाद सुरक्षा बलों ने इलाके में निगरानी और सर्चिंग और तेज कर दी है।

सूचना के बाद जंगल में उतरे जवान
5 सितंबर को विश्वसनीय सूचना मिलने के बाद CRPF की टीम ने एड़ी, हर्री, नयापारा, सरपंचपारा, पीडिया और कुआपगुड़ा के आसपास के जंगलों में अभियान शुरू किया। कमांडेंट आनंद कुमार के मार्गदर्शन और उप कमांडेंट दर्शन यादव की देखरेख में जवानों ने इलाके की घेराबंदी करते हुए चरणबद्ध तरीके से तलाशी अभियान चलाया। अभियान के दौरान जवानों को जंगल में अलग-अलग स्थानों पर नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखी गई सामग्री के डंप मिले। सुरक्षा के लिहाज से जवानों ने बेहद सावधानी के साथ पूरे इलाके की जांच की और बरामद सामग्री को सुरक्षित तरीके से कब्जे में लिया।

IED से लेकर रायफल तक, क्या-क्या मिला?
सर्च ऑपरेशन में 10 IED, 8 डेटोनेटर और 7 रायफल बरामद हुई हैं। इनमें एक .303 बोल्ट एक्शन रायफल, पांच भरमार रायफल और एक 12 बोर देशी रायफल शामिल है। इसके अलावा बिना बैटरी वाला वायरलेस सेट, कोडेक्स वायर, प्लास्टिक और स्टील के कंटेनर सहित IED तैयार करने में इस्तेमाल होने वाली विभिन्न इलेक्ट्रिक सामग्री भी बरामद की गई। CRPF के मुताबिक कुल 99 प्रकार की वस्तुएं इन डंप से मिली हैं।

सुरक्षा बलों को निशाना बनाने की थी तैयारी
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार बरामद सामग्री को जंगल में इस तरह छिपाकर रखा गया था, ताकि जरूरत पड़ने पर नक्सली इसका इस्तेमाल सुरक्षा बलों के खिलाफ कर सकें। IED और डेटोनेटर की बरामदगी को अभियान की अहम सफलता माना जा रहा है, क्योंकि इससे नक्सलियों की संभावित हिंसक गतिविधियों को पहले ही निष्क्रिय करने में मदद मिली है। एड़ी, हर्री, पीडिया, कुआपगुड़ा और आसपास के जंगल लंबे समय से नक्सली गतिविधियों के लिहाज से संवेदनशील माने जाते रहे हैं। ऐसे इलाकों में लगातार अभियान चलाकर सुरक्षा बल नक्सल नेटवर्क की गतिविधियों पर दबाव बढ़ा रहे हैं।

CRPF बोला- अभियान रहेगा जारी
कार्रवाई के दौरान किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। CRPF अधिकारियों के मुताबिक क्षेत्र में आसूचना आधारित अभियान आगे भी जारी रहेंगे। 199वीं वाहिनी के कमांडेंट आनंद कुमार ने कहा कि बल का उद्देश्य आम नागरिकों की सुरक्षा के साथ क्षेत्र में शांति और विकास का वातावरण मजबूत करना है। सुरक्षा बलों की लगातार कार्रवाई से प्रभावित इलाकों में नक्सली नेटवर्क पर दबाव बढ़ने और ग्रामीणों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत होने की बात कही गई है। अब बरामद सामग्री के आधार पर नक्सलियों के नेटवर्क और डंप से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।