भोपाल। ऑनलाइन ग्रॉसरी डिलीवरी को लेकर भोपाल के सलैया इलाके से खाद्य गुणवत्ता से जुड़ा मामला सामने आया है। एक परिवार ने Blinkit के जरिए Top & Town की ब्रेड मंगाई थी, लेकिन पैकेट खोलने पर उसमें फफूंद दिखाई दी। परिवार का कहना है कि पैकेट पर 26 सितंबर की एक्सपायरी डेट दर्ज थी, इसके बावजूद ब्रेड इस्तेमाल करने लायक स्थिति में नहीं मिली। मामले की गंभीरता इसलिए भी बढ़ गई क्योंकि परिवार की दो बच्चियों ने ब्रेड का कुछ हिस्सा खा लिया था।

पैकेट खोलते ही नजर आई ब्रेड पर फफूंद
सलैया निवासी परिवार के मुताबिक, उन्होंने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से दो पैकेट ब्रेड ऑर्डर किए थे। डिलीवरी मिलने के बाद जब ब्रेड का पैकेट खोला गया तो उसके कुछ हिस्सों पर फफूंद के निशान दिखाई दिए। परिवार का दावा है कि यह स्थिति एक्सपायरी तारीख आने से पहले ही सामने आई। ब्रेड खराब मिलने के बाद परिवार ने उसे अलग रख दिया और इसकी शिकायत डिलीवरी प्लेटफॉर्म से की। साथ ही मामले की जानकारी खाद्य सुरक्षा विभाग को भी दी गई, ताकि उत्पाद की वास्तविक गुणवत्ता की जांच हो सके।

14 महीने और 8 साल की बच्चियों ने खाई थी ब्रेड
परिवार के अनुसार, खराब ब्रेड का कुछ हिस्सा उनकी 14 महीने और 8 साल की दो बच्चियों ने खा लिया था। ब्रेड में फफूंद दिखाई देने के बाद परिवार की चिंता बढ़ गई और उन्होंने खाद्य विभाग से मामले की जांच कराने की मांग की। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के आधार पर यह कहना अभी संभव नहीं है कि ब्रेड खाने से बच्चियों पर कोई स्वास्थ्य प्रभाव पड़ा या नहीं। इस संबंध में किसी चिकित्सकीय निष्कर्ष की जानकारी सामने नहीं आई है।

शिकायत के बाद सैंपल जांच की तैयारी
परिवार का कहना है कि शिकायत के बावजूद देर रात तक खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम मौके पर सैंपल लेने नहीं पहुंची। बाद में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी की ओर से ब्रेड का नमूना लेकर उसकी जांच कराने की बात कही गई। अब विभाग द्वारा लिए जाने वाले सैंपल की जांच रिपोर्ट इस मामले में अहम होगी। इससे यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि उत्पाद में फफूंद किस वजह से विकसित हुई और क्या खाद्य सुरक्षा से जुड़े निर्धारित मानकों का उल्लंघन हुआ था।

जांच रिपोर्ट के बाद तय होगी आगे की कार्रवाई
फिलहाल, मामला जांच के चरण में है। खाद्य सुरक्षा विभाग ब्रेड के नमूने की जांच कराने के बाद रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय करेगा। वहीं, परिवार ने ऑनलाइन किराना सेवाओं के जरिए घर तक पहुंचने वाले खाद्य पदार्थों के स्टोरेज, तापमान और डिलीवरी प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए हैं। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि ब्रेड के खराब होने की वजह निर्माण स्तर की थी, स्टोरेज की स्थिति से जुड़ी थी या डिलीवरी के दौरान उत्पाद की गुणवत्ता प्रभावित हुई।