जांजगीर-चांपा। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के हाथिटिकरा गांव स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में आज सुबह बड़ा हादसा होते-होते टल गया। बच्चों के पहुंचने से कुछ देर पहले ही कमरे की छत का प्लास्टर अचानक भरभराकर नीचे गिर पड़ा। घटना के समय केंद्र में केवल आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका मौजूद थीं। गनीमत रही कि उस वक्त कोई बच्चा केंद्र में नहीं था, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था।

जानकारी के अनुसार, रोजाना की तरह कार्यकर्ता और सहायिका बच्चों के आने से पहले केंद्र की साफ-सफाई और अन्य तैयारियों में जुटी थीं। इसी दौरान अचानक छत का प्लास्टर टूटकर जमीन पर आ गिरा। तेज आवाज सुनते ही दोनों मौके पर पहुंचीं। घटना के बाद पूरे केंद्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और तत्काल स्थिति का जायजा लिया गया।WhatsApp-Image-2026-06-29-at-9.25.52-AM-1188x1536

इसके बाद मलबा हटाकर परिसर की सफाई कराई गई, लेकिन इस घटना ने आंगनबाड़ी भवन की गुणवत्ता, रखरखाव और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस भवन में रोजाना छोटे-छोटे बच्चे आते हैं, उसकी हालत इतनी जर्जर कैसे हो गई, यह बड़ा सवाल है। नियमित निरीक्षण और समय पर मरम्मत नहीं होने को लेकर भी जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।

घटना के बाद स्थानीय लोगों और अभिभावकों में चिंता का माहौल है। उनका कहना है कि यदि समय रहते जर्जर भवनों की पहचान कर मरम्मत या वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई, तो भविष्य में किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता।