छत्तीसगढ़ में गर्मी का प्रकोप बढ़ता जा रहा है और तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। इस भीषण गर्मी को देखते हुए व्यापम की प्रतियोगी परीक्षाओं का समय बदला गया है। अब ये परीक्षाएं सुबह 10 बजे से आयोजित की जाएंगी। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने इस बदलाव की वजह बताते हुए कहा कि स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।

ग़ज़ब का गर्मी का असर


बिलासपुर में तापमान ने 43 डिग्री का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। स्थानीय लोग गर्मी से बेहाल हैं। एक स्थानीय निवासी ने कहा, "इस गर्मी में घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है।" प्रशासन ने रेलवे स्टेशनों पर पानी की फुहारें छोड़ने की व्यवस्था की है। प्लेटफार्म नंबर एक पर मिस्टिंग सिस्टम लगाया गया है, जिससे यात्रियों को राहत मिल रही है। 


परीक्षा का समय कैसे बदला गया


व्यापम द्वारा आयोजित होने वाली परीक्षा में अब बदलाव किया जा चुका है। 26 अप्रैल को मंडी बोर्ड उप निरीक्षक परीक्षा, 14 मई को एसएससी नर्सिंग व पीईटी प्रवेश परीक्षा और 21 मई को पीपीएचटी परीक्षा सुबह 10 बजे से होगी। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी परीक्षा केंद्रों पर ठंडे पेयजल और पंखे की व्यवस्था की जाए।


प्रशासन की तैयारी


संजय अग्रवाल ने बताया कि परीक्षा केंद्रों पर सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा, "हम चाहते हैं कि इस गर्मी में अभ्यर्थियों को किसी तरह की परेशानी न हो।" प्रशासन ने परीक्षार्थियों से समय में बदलाव का ध्यान रखते हुए समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचने की अपील की है।


मौसम का हाल


जगदलपुर में बुधवार को तेज बारिश हुई और ओले गिरे, जिससे दोपहर में अंधेरा छा गया। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में मध्य छत्तीसगढ़ में अधिकतम तापमान में गिरावट हो सकती है। हालांकि, इसके बाद पूरे प्रदेश में 2 से 3 डिग्री तक पारा बढ़ने की संभावना है। रायपुर में पारा 44 डिग्री पार जा सकता है।


लोगों की प्रतिक्रिया


इस गर्मी को लेकर स्थानीय लोग चिंतित हैं। एक व्यापारी ने कहा, "गर्मी इतनी बढ़ गई है कि दिन में दुकानें खोलना भी मुश्किल हो रहा है।" कुछ लोगों ने प्रशासन की तैयारी को सराहा, जबकि अन्य ने कहा कि यह पर्याप्त नहीं है। "हमें और अधिक ठंडे पेयजल की आवश्यकता है," एक स्थानीय महिला ने कहा।