
गुजरात। गुजरात में बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गईं। सोमनाथ मंदिर, भाजपा के कार्यालयों और मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल को निशाना बनाने की धमकी से हड़कंप मच गया। धमकी भरा ईमेल मिलने के बाद पुलिस, बम निरोधक दस्ते और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने तत्काल मोर्चा संभाला। अहमदाबाद के खानपुर स्थित भाजपा के पुराने कार्यालय से लेकर गांधीनगर के भाजपा मुख्यालय ‘श्री कमलम’ और सोमनाथ मंदिर परिसर तक तलाशी अभियान चलाया गया। हालांकि, शुरुआती जांच में किसी भी स्थान से बम या संदिग्ध वस्तु मिलने की पुष्टि नहीं हुई है।
ईमेल मिलते ही एक्शन में आई पुलिस, भाजपा कार्यालयों में सघन तलाशी
धमकी की सूचना मिलते ही पुलिस और बम निरोधक दस्ते की टीम अहमदाबाद के खानपुर स्थित भाजपा के पुराने कार्यालय पहुंची। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए फायर ब्रिगेड की गाड़ियां भी मौके पर तैनात की गईं। सुरक्षा के मद्देनजर पूरे परिसर की बारीकी से जांच की गई। इस दौरान अहमदाबाद के मेयर हितेश बरोट और स्थानीय भाजपा नेता भी वहां मौजूद रहे। खानपुर कार्यालय के अलावा गांधीनगर के कोबा स्थित भाजपा मुख्यालय ‘श्री कमलम’ और प्रसिद्ध सोमनाथ मंदिर परिसर में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। संबंधित स्थानों पर तलाशी अभियान चलाकर संभावित खतरे की जांच की गई।
मुख्यमंत्री, पुलिस और RAW को भी धमकी का जिक्र
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, धमकी भरे ईमेल में केवल धार्मिक स्थल और भाजपा कार्यालय ही नहीं, बल्कि गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, राज्य के पुलिसकर्मियों और देश की खुफिया एजेंसी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (RAW) को भी निशाना बनाने की बात कही गई है। ईमेल में कथित तौर पर देश विरोधी और असामाजिक नारे भी लिखे गए थे। इस इनपुट के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने सतर्कता बढ़ा दी।
जांच में नहीं मिला बम, ईमेल भेजने वाले की तलाश जारी
अहमदाबाद के एसीपी अद्वैत गांधी के मुताबिक, सुबह करीब 9 बजे राज्य खुफिया ब्यूरो से खानपुर स्थित भाजपा कार्यालय को धमकी मिलने की सूचना मिली थी। इसके बाद बम निरोधक दस्ते ने तत्काल परिसर की जांच की। एसीपी ने बताया कि तलाशी के दौरान कोई बम या संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है और स्थिति सामान्य है।
वहीं, धमकी भरे ईमेल की जांच साइबर क्राइम टीम को सौंपी गई है। टीम ईमेल भेजने वाले की पहचान करने और उसके आईपी एड्रेस का पता लगाने में जुटी है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। ईमेल कहां से भेजा गया और इसके पीछे किसका हाथ है, इसका खुलासा जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगा।