रायपुर : राजधानी में बदले की आग ने एक और जिंदगी निगल ली। हैरानी की बात यह है कि हत्या की यह वारदात उस बाल संप्रेक्षण गृह के ठीक बाहर हुई, जहां नाबालिग अपराधियों को सुधारने के लिए रखा जाता है। बुधवार शाम यहां पहले से घात लगाकर बैठे तीन नाबालिगों ने 18 वर्षीय सावन सेन पर चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमलावरों ने उसे संभलने तक का मौका नहीं दिया। गंभीर रूप से घायल सावन को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। पुलिस ने वारदात के बाद तीनों अपचारी बालकों को हिरासत में ले लिया है।

मुलाकात करके बाहर निकला, मौत बनकर टूट पड़े हमलावर

जानकारी के अनुसार अश्विनी नगर निवासी सावन सेन बुधवार शाम करीब चार बजे अपने परिवार के छह सदस्यों के साथ माना स्थित बाल संप्रेक्षण गृह पहुंचा था। यहां वह हत्या के एक पुराने मामले में निरुद्ध एक अपचारी बालक से मुलाकात करने गया था। मुलाकात के बाद जैसे ही सावन मुख्य द्वार से बाहर निकला, पहले से मौके की ताक में बैठे तीन नाबालिगों ने उसे घेर लिया। इससे पहले कि परिवार के लोग कुछ समझ पाते, आरोपियों ने सावन पर चाकुओं से लगातार वार करना शुरू कर दिया। अचानक हुए हमले से मौके पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई।

तीन महीने पुरानी दुश्मनी का लिया बदला

पुलिस की शुरुआती पूछताछ में इस हत्याकांड के पीछे पुरानी रंजिश की बात सामने आई है। हिरासत में लिए गए तीनों नाबालिगों ने कथित तौर पर बताया कि करीब तीन महीने पहले पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र में सावन ने उनमें से एक पर चाकू से हमला किया था। इसी घटना को लेकर उनके मन में बदले की आग सुलग रही थी। सावन के बाल संप्रेक्षण गृह पहुंचने की जानकारी मिलते ही तीनों वहां पहुंच गए और मौका देखकर उस पर जानलेवा हमला कर दिया।

मेकाहारा पहुंचते ही डॉक्टरों ने किया मृत घोषित

घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 और माना थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। लहूलुहान सावन को तत्काल मेकाहारा अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। वारदात के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को हिरासत में लिया। तीनों सरस्वती नगर थाना क्षेत्र की देवार बस्ती के निवासी बताए गए हैं।

वारदात में इस्तेमाल चाकू बरामद

पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल चाकू बरामद कर लिया है। फिलहाल तीनों अपचारी बालकों के खिलाफ हत्या के मामले में किशोर न्याय कानून के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है। राजधानी में बाल संप्रेक्षण गृह जैसे संवेदनशील स्थान के मुख्य द्वार पर हुई इस वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल कर रख दी हैं।