
सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में जंगल में मवेशी चराने गए दो ग्रामीण उस वक्त मुश्किल में फंस गए, जब अचानक उनका सामना भालू से हो गया। इससे पहले कि दोनों कुछ समझ पाते, भालू ने उन पर हमला कर दिया। हमले में दोनों ग्रामीण घायल हुए हैं। घटना के बाद आसपास के गांवों में भी वन्यजीव को लेकर चिंता का माहौल बना हुआ है।
पालामडगू के जंगल में हुई घटना
मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना पालामडगू गांव से करीब दो किलोमीटर दूर जंगल क्षेत्र में हुई। बताया जा रहा है कि दोपहर करीब 2:30 बजे दोनों ग्रामीण रोज की तरह अपने मवेशियों को लेकर जंगल की ओर गए थे। इसी दौरान अचानक भालू उनके सामने आ गया और उसने दोनों पर हमला कर दिया।
हमले में दो ग्रामीण घायल
भालू के हमले में घायल ग्रामीणों की पहचान पोडीयाम मुड़ा (30 वर्ष) और कवासी हिड़मा (करीब 50 वर्ष) के रूप में हुई है। दोनों पालामडगू के पटेलपारा क्षेत्र के रहने वाले बताए गए हैं और पोलमपल्ली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आते हैं। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों को इसकी जानकारी मिली, जिसके बाद घायल ग्रामीणों को उपचार के लिए ले जाने की व्यवस्था की गई। हमले की सूचना फैलते ही ग्रामीणों में भी डर का माहौल बन गया।
वन विभाग ने शुरू की निगरानी
घटना की जानकारी संबंधित विभाग तक पहुंचने के बाद वन विभाग की टीम ने मामले को संज्ञान में लिया है। जंगल क्षेत्र में भालू की मौजूदगी को देखते हुए स्थानीय स्तर पर आवश्यक कार्रवाई और निगरानी की जा रही है।
ग्रामीणों को जंगल में सतर्क रहने की सलाह
घटना के बाद ग्रामीणों से जंगल और आसपास के वन क्षेत्रों में जाते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई है। खासकर मवेशी चराने या दूसरे कामों के लिए जंगल जाने वाले लोगों को अकेले न जाने और वन्यजीव की गतिविधि दिखाई देने पर तुरंत वन विभाग को सूचना देने की सलाह दी जा रही है। फिलहाल, वन विभाग की निगरानी के बीच ग्रामीणों में भालू के दोबारा दिखाई देने को लेकर चिंता बनी हुई है।