
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने दुष्कर्म के एक मामले में महत्वपूर्ण अंतरिम आदेश पारित किया हैं और ट्रायल कोर्ट में चल रही न्यायिक कार्रवाई पर अगली सुनवाई तक रोक लगा दी है। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की खंडपीठ ने याचिकाकर्ता सुरेश कुमार साहू (30 वर्ष) द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। याचिकाकर्ता, जो मूलतः पामगढ़ का निवासी है और वर्तमान में सरकंडा में रहकर बैंक में कार्य करता हैं lयाचिकाकर्ता ने एफआईआर और उसके आधार पर चल रही ट्रायल कोर्ट की कार्रवाई को चुनौती दी है।
याचिका के अनुसार, वर्ष 2020 में इंस्टाग्राम के माध्यम से उसकी पहचान सारंगढ़ की एक युवती से हुई थी, जिसके बाद दोनों के बीच प्रेम संबंध विकसित हुए। याचिकाकर्ता का दावा है कि दोनों बालिग थे और आपसी सहमति से लंबे समय तक रिलेशनशिप में रहे, जिसके दौरान युवती अक्सर उससे मिलने बिलासपुर आती थी। अब हाईकोर्ट ने इस मामले में राज्य शासन और शिकायतकर्ता युवती को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है, साथ ही जब तक हाईकोर्ट में सुनवाई पूरी नहीं हो जाती, तब तक बिलासपुर के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश की अदालत में लंबित आपराधिक प्रकरण की सभी आगे की कार्यवाहियों पर अंतरिम रोक बरकरार रहेगी।