नई दिल्ली। देशभर में दक्षिण-पश्चिम मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो चुका है और इसका असर लगभग हर क्षेत्र में देखने को मिल रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के अनुसार, अगले 24 से 48 घंटों के दौरान देश के कई हिस्सों में मौसम तेजी से करवट लेने वाला है। कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश, तेज गरज-चमक, बिजली गिरने, 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है।

कुछ दिन पहले तक भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों को जहां बारिश से राहत मिलने की उम्मीद है, वहीं दूसरी ओर लगातार होने वाली मूसलाधार बारिश जनजीवन पर भी असर डाल सकती है। मौसम विभाग ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने, खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर न जाने और स्थानीय प्रशासन की सलाह का पालन करने की अपील की है।

13 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, कई इलाकों में बिगड़ सकते हैं हालात
आईएमडी के अनुसार, देश के 13 राज्यों में अगले दो दिनों के दौरान भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। कई क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ आकाशीय बिजली गिरने का भी खतरा बना हुआ है। पर्वतीय राज्यों में लगातार बारिश के कारण भूस्खलन, चट्टानें खिसकने और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) जैसी घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। वहीं मैदानी इलाकों में जलभराव, यातायात बाधित होने और निचले क्षेत्रों में पानी भरने की स्थिति बन सकती है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसूनी सिस्टम काफी मजबूत बना हुआ है, जिसके कारण अलग-अलग राज्यों में रुक-रुककर तेज बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।

गुजरात और मुंबई में विशेष सतर्कता, नदियों का जलस्तर बढ़ने की आशंका
मौसम विभाग ने पश्चिमी भारत के कई हिस्सों, विशेषकर गुजरात और मुंबई सहित आसपास के क्षेत्रों के लिए विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है। लगातार बारिश के कारण शहरी इलाकों में जलभराव, ट्रैफिक जाम और सामान्य जनजीवन प्रभावित होने की संभावना जताई गई है। निचले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

आईएमडी के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून अब गुजरात, राजस्थान और हरियाणा के कई नए इलाकों तक आगे बढ़ चुका है। इसके साथ ही दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर निचले क्षोभमंडल में बना साइक्लोनिक सर्कुलेशन और सक्रिय मानसूनी ट्रफ लगातार नमी खींच रही है, जिससे कई राज्यों में भारी बारिश की अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं। लगातार वर्षा के चलते कई नदियों और जलाशयों का जलस्तर बढ़ने की संभावना भी व्यक्त की गई है।

दिल्ली, यूपी, बिहार समेत उत्तर और मध्य भारत में भी असर
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से आने वाली नम हवाएं उत्तर भारत, मध्य भारत, पूर्वी भारत और पश्चिमी तटीय क्षेत्रों में लगातार सक्रिय बनी हुई हैं। यही वजह है कि कई राज्यों में तेज बारिश का सिलसिला बना रहेगा। आईएमडी ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, राजस्थान, मध्य प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, गुजरात और महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों के लिए अलग-अलग स्तर का मौसम अलर्ट जारी किया है। स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार कहीं भारी बारिश, कहीं तेज हवाएं और कहीं वज्रपात की आशंका जताई गई है।

अगले 48 घंटे रहेंगे अहम, IMD ने जारी की एडवाइजरी
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले 48 घंटों तक मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा और कई क्षेत्रों में बारिश की तीव्रता बढ़ सकती है। ऐसे में लोगों को मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर नजर रखने, बिजली कड़कने के दौरान पेड़ों या खुले मैदानों में खड़े होने से बचने और जलभराव वाले रास्तों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है। आईएमडी ने स्पष्ट किया है कि स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना बेहद जरूरी है। विशेष रूप से पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोगों को मौसम की स्थिति की जानकारी लेने के बाद ही सफर करने की सलाह दी गई है, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।