
श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर के शोपियां जिले में सुरक्षा बलों को आतंकवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में बड़ी सफलता मिली है। कई दिनों से जारी संयुक्त ऑपरेशन के दौरान प्रतिबंधित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) से जुड़े आतंकी जाकिर गनई को मुठभेड़ में मार गिराया है। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार यह ऑपरेशन पिछले पांच दिनों से लगातार जारी था और आज निर्णायक मोड़ पर पहुंचा, जब सुरक्षाबलों ने घेराबंदी के बीच आतंकी को निष्क्रिय कर दिया। इस कार्रवाई को दक्षिण कश्मीर में सक्रिय आतंकी नेटवर्क के खिलाफ महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। ऑपरेशन में जम्मू-कश्मीर पुलिस, भारतीय सेना और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) ने संयुक्त रूप से हिस्सा लिया।
3 जुलाई को शुरू हुआ था सर्च ऑपरेशन
जानकारी के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों को 3 जुलाई को शोपियां जिले के मीमंदर क्षेत्र के घने बागानों में आतंकियों के छिपे होने की खुफिया सूचना मिली थी। इसके बाद इलाके की घेराबंदी कर व्यापक तलाशी अभियान शुरू किया गया। यह क्षेत्र दक्षिण कश्मीर के कई गांवों से घिरा होने के कारण सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौतीपूर्ण माना जाता है। सुरक्षाबलों ने शुरुआती दिनों में पूरे इलाके को सील कर तलाशी अभियान चलाया। घने बाग, ऊंची घास और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के कारण ऑपरेशन बेहद सतर्कता के साथ आगे बढ़ाया गया ताकि किसी भी आतंकी को भागने का मौका न मिले।
गोलीबारी के बाद हुई जवाबी कार्रवाई
अधिकारियों के अनुसार, आज अभियान के दौरान संदिग्ध इलाके से दोबारा गोलीबारी हुई। इसके बाद सुरक्षा बलों ने जवाबी कार्रवाई की। कुछ समय तक चली मुठभेड़ के बाद इलाके की तलाशी ली गई, जहां से एक आतंकी का शव बरामद हुआ। बाद में उसकी पहचान जाकिर गनई के रूप में की गई। मुठभेड़ स्थल से हथियार, गोला-बारूद और अन्य आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की गई है। बरामद सामान की जांच की जा रही है, ताकि आतंकी नेटवर्क और उसके संपर्कों से जुड़ी अतिरिक्त जानकारी जुटाई जा सके।
SOG, राष्ट्रीय राइफल्स और CRPF का संयुक्त अभियान
जम्मू-कश्मीर पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि यह कार्रवाई स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (SOG) शोपियां, राष्ट्रीय राइफल्स (RR) और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के संयुक्त अभियान का हिस्सा थी। पुलिस के अनुसार अभियान के दौरान एक लश्कर-ए-तैयबा आतंकी को मार गिराया गया, जबकि पूरे क्षेत्र में तलाशी और सैनिटाइजेशन अभियान अभी भी जारी है। सुरक्षा एजेंसियां यह सुनिश्चित कर रही हैं कि इलाके में कोई अन्य आतंकी छिपा न हो। इसके लिए आसपास के जंगलों, बागानों और संवेदनशील स्थानों की गहन तलाशी ली जा रही है।
2024 में लश्कर से जुड़ा था जाकिर गनई
सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, जाकिर गनई कुलगाम जिले का रहने वाला था और वर्ष 2024 में लश्कर-ए-तैयबा में शामिल हुआ था। जांच एजेंसियों के रिकॉर्ड में उसे A+++ श्रेणी का आतंकी बताया जाता था। वह सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी सूची में शामिल था और उसके खिलाफ आतंकवादी गतिविधियों से जुड़े कई मामलों में जांच चल रही थी। अधिकारियों का मानना है कि उसकी मौत से दक्षिण कश्मीर में सक्रिय आतंकी नेटवर्क को बड़ा झटका लगेगा। हालांकि सुरक्षा एजेंसियां फिलहाल पूरे नेटवर्क की जांच कर रही हैं और उससे जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है।
ऑपरेशन अभी जारी, सुरक्षा एजेंसियां बरत रही हैं सतर्कता
सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि अभियान अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। पूरे इलाके में सर्च और सैनिटाइजेशन ऑपरेशन जारी है तथा प्रत्येक स्थान की बारीकी से जांच की जा रही है। ऑपरेशन पूरी तरह समाप्त होने के बाद विस्तृत आधिकारिक जानकारी साझा की जाएगी। सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि आतंकवाद के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और क्षेत्र में शांति एवं सुरक्षा बनाए रखने के लिए ऐसे ऑपरेशन भविष्य में भी जारी रहेंगे।