
मुंह की साफ-सफाई केवल दांतों तक सीमित नहीं है। दांतों और मसूड़ों की ठीक से देखभाल न होने पर प्लाक, कैविटी, मसूड़ों की सूजन और सांसों में दुर्गंध जैसी परेशानियां हो सकती हैं। इसी वजह से कई लोग बाजार में मिलने वाले उत्पादों के अलावा प्राकृतिक चीजों से बने घरेलू विकल्पों को भी आजमाना पसंद करते हैं। हालांकि, किसी भी घरेलू टूथपेस्ट को नियमित फ्लोराइड टूथपेस्ट का विकल्प मानने से पहले दंत चिकित्सक की सलाह लेना जरूरी है।
सोशल मीडिया पर इन दिनों नेचुरल सामग्री से टूथपेस्ट तैयार करने का एक तरीका भी शेयर किया जा रहा है। इस रेसिपी में नारियल तेल, नीम पाउडर, हल्दी और पेपरमिंट ऑयल जैसी चीजों का इस्तेमाल किया जाता है। दावा किया जाता है कि यह मुंह की सफाई और ताजगी में मदद कर सकता है, लेकिन इसके सभी फायदों को वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित घरेलू इलाज नहीं माना जाना चाहिए।
इंफ्लुएंसर ने शेयर की नेचुरल टूथपेस्ट रेसिपी
यह तरीका सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर मरियम ने साझा किया है, जो वीगन रेसिपीज और प्राकृतिक चीजों से जुड़े कंटेंट के लिए जानी जाती हैं। उनके बताए मिश्रण में कुछ सामान्य प्राकृतिक सामग्री को मिलाकर पेस्ट तैयार किया जाता है।
नेचुरल टूथपेस्ट के लिए चाहिए ये चीजें
मुख्य सामग्री:
- 3 चम्मच बेंटोनाइट क्ले
- 3 चम्मच नारियल तेल
- 1/2 चम्मच नीम के पत्तों का पाउडर
- 1/2 चम्मच हल्दी पाउडर
- 5 बूंद पेपरमिंट ऑयल
वैकल्पिक सामग्री:
- 1/4 चम्मच बेकिंग सोडा
- 1/8 चम्मच सेंधा नमक
- 5 बूंद नीम का तेल
- 3 बूंद टी ट्री ऑयल
- एक चुटकी लौंग पाउडर
- 1/8 चम्मच स्टीविया पत्तियों का पाउडर
- 1/2 चम्मच चारकोल पाउडर
इस तरह तैयार करें घरेलू टूथपेस्ट
सबसे पहले एक साफ कांच की कटोरी लें और उसमें बेंटोनाइट क्ले डालें। अब इसमें नारियल तेल, नीम पत्तियों का पाउडर, हल्दी और पेपरमिंट ऑयल मिलाएं। सभी सामग्री को अच्छी तरह मिलाकर एक समान पेस्ट तैयार कर लें। अगर आप चाहें तो इसमें थोड़ी मात्रा में लौंग पाउडर, नीम ऑयल, टी ट्री ऑयल या अन्य वैकल्पिक सामग्री भी मिलाई जा सकती है। स्टीविया पाउडर मिश्रण का स्वाद हल्का मीठा कर सकता है। वहीं बेकिंग सोडा और नमक जैसी सामग्री का इस्तेमाल सीमित मात्रा में ही करना चाहिए, क्योंकि ज्यादा या बार-बार इस्तेमाल से दांतों और मसूड़ों को नुकसान पहुंचने का जोखिम हो सकता है।
क्या यह बाजार के टूथपेस्ट की जगह ले सकता है?
जरूरी नहीं। घरेलू या नेचुरल टूथपेस्ट में आमतौर पर फ्लोराइड नहीं होता, जबकि फ्लोराइड टूथपेस्ट दांतों में कैविटी से बचाव के लिए व्यापक रूप से इस्तेमाल किया जाता है। इसलिए केवल प्राकृतिक सामग्री देखकर इसे बेहतर या पूरी तरह सुरक्षित मानना सही नहीं होगा।
मुंह की बदबू लगातार बनी रहती है, मसूड़ों से खून आता है, दांतों में दर्द है या कैविटी की समस्या है तो घरेलू नुस्खे पर निर्भर रहने के बजाय डेंटिस्ट से जांच करानी चाहिए। रोजाना ब्रश करना, फ्लॉसिंग और नियमित डेंटल चेकअप ओरल हेल्थ के लिए ज्यादा महत्वपूर्ण हैं।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी सोशल मीडिया पर साझा की गई घरेलू रेसिपी पर आधारित है। किसी भी घरेलू मिश्रण को इस्तेमाल करने से पहले उसकी सामग्री से एलर्जी या संवेदनशीलता को ध्यान में रखें। यह किसी दंत रोग का इलाज नहीं है और नियमित फ्लोराइड टूथपेस्ट या डॉक्टर की सलाह का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।